जाने: DAP तथा SSP खाद का इस्तेमाल और फायदे

किसान भाइयो का रबी की फसल की बुआई का समय शुरू हो चूका है | और हर किसान इस उमीद के साथ फसल को बोता है की इस बार उसकी पैदावार पिछले साल की उपेक्षा और अधिक होगी. परन्तु फसल बोने से पहले किसान को जिन मुख्य बातो पे ध्यान देने की जरूरत है वो है एक तो बीज तथा दूसरा उर्वरक यानि खाद(Compost) के सही प्रयोग के बारे में  |

डीएपी (DAP) तथा एस.एस.पी. (SSP) खाद में बेहतर कौनसी है ?

अगर बुवाई के वक्त आपने बीज का तो सही चयन कर लिया लेकिन उर्वरक (खाद )का प्रयोग सही नहीं है तो आपके फसल पर इसका विपरीत असर पड़ेगा | आपको इस बात का ध्यान रखना चाहिए की कौन सी खाद कब और कितनी मात्रा में देनी चाहिए | इसलिए विशेषज्ञ सलाह में हम आपको उर्वरक के बारे में जानकारी देने का प्रयास हम कर रहें हैं | जिससे आप लोगों को उर्वरक के बारे में सही जानकारी मिल सके और आप आसानी से इसका सही उपयोग कर सके | आज की इस पोस्ट में किसान समाधान DAP तथा SSP खाद में मुख्य अंतर तथा बेहतर कौन है इसकी जानकारी प्रदान की जा रही है .

डी.ए.पी.(DAP ) क्या है इसका इस्तेमाल कैसे करे ? 

DAP and SSP Fertilizer Who is Better in Manure in Hindi

फसल की उपज बढ़ाने का एक रसायन है जिसे पेड़ पौधे को वृद्धि करने में सहायता मिलती है इसको हम घोल बनाकर इसका छिड़काव भी कर सकते है और इसको खेत में भी डाल सकते है अगर हम किसी विशेषज्ञ से सलाह ले की पौधे में ग्रोथ नहीं हो रही हो तो वो हमें DAP का इस्तेमाल करने की सलाह देगा. आइये जानते है DAP के बारे जानकारी …

DAP फ़सलों के लिए नाइट्रोजन, फ़ॉस्फ़ोरस और पोटेशियम जैसे महत्त्वपूर्ण पोशक तत्त्व ही प्रदान करता है इसके अलावा धरती के पोषण के लिए अति महत्वपूर्ण तत्व हैं ।

जाने: DAP तथा SSP खाद का इस्तेमाल और फायदे

  • डी.ए.पी. (DAP) का पूरा नाम डाइ अमोनियम फॉस्फेट (Diammonium phosphate) है |
  • नाईट्रोजन की मात्रा – 18%
  • फास्फोरस की मात्रा – 46 %
  • सल्फर की मात्रा – 0%
  • कैल्शियम की मात्रा – 0%

नाइट्रोजन क्या काम करता है

  • पौधे की हर प्रकार की वृद्धि में सहायक
  • प्रोटीन
  • कोशिका विभाजन
  • विटामिन

फॉस्फेट के क्या फायदे है 

फसलों में जितनी जरूरत नाइट्रोजन की होती है ठीक उसी प्रकार फॉस्फेट भी उतना ही जरुरी है.

  • फॉस्फेट पौधे की जड़ो को बढ़ता है
  • पौधे में लगने वाले फूलों व फलों में बढ़ोतरी होती है
  • कोशिका विभाजन में उपयोगी
  • श्वसन

DAP का इस्तेमाल कैसे करे ?

डी.ए.पी. को  फसल के बुवाई के समय अपने खेत में दे सकते है इसके अलावा आप इसे हर 15 दिन के बाद थोड़ी मात्रा में दे सकते है ताकि आपकी फसल में अच्छीपैदावार हो सके एक बात आपको ध्यान देना जरूरी है की अगर गर्मी ज्यादा पड़ रही है तब इसका इस्तेमाल कम ही किया जाए क्यूंकि अगर गर्मी में ज्यादा इस्तेमाल करने से आपकी फसल को जला भी सकता है अगर आपके पास समय है. आपके खेत में बढ़वार नहीं हो रही है और गर्मी ज्यादा है तो आप उसमे कम % वाला नाइट्रोजन खरीद कर अपने खेत में डाल सकते है .

डीएपी खाद की कीमत 2018

डीएपी की कीमत Rs 1200 से 1400/Bag 50 Kg के लगभग है 

सिंगल सुपर फास्फेट (SSP ) क्या है इसका इस्तेमाल कैसे करे ? 

DAP तथा SSP खाद में बेहतर कौनसी है ?

सिंगल सुपर फास्फेट सस्ता उर्वरक है जों की फलों और बीजों के विकास के लिए अनिवार्य है जो की पौधों को महत्वपूर्ण फौस्फेटाईड्स जैसे न्यूक्लिक एसिड, प्रोटीन, फौस्फोलिफिड्स, को-एंजाइम फौस्फेटाईड्स आदि का विकास करने में सहायता करता है| यह दिखने में सख्त दानेदार, भूरा काला बादामी रंगों से युक्त तथा नाखूनों से आसानी से न टूटने वाला उर्वरक है। यह चूर्ण के रूप में भी उपलब्ध होता है। इस दानेदार उर्वरक की मिलावट बहुधा डी.ए.पी. व एन.पी.के. मिक्चर उर्वरकों के साथ की जाने की सम्भावना बनी रहती है।

  • SSP का पूरा नाम सिंगल सुपर फास्फेट है
  • फोस्फरस (गंधक)= 14.5% (W.S)
  • फोस्फरस = 16% (CS)
  • केल्शियम = 21%
  • सल्फर = 11%
  • नाईट्रोजन = 0%

SSP खाद का प्रयोग कब करें ?

SSP अन्य खाद की तुलना में कम घुलनशील है, अत: इसका उपयोग हमेशा जुताई के समय करना चाहिए क्योंकी कम घुलनशील होने के कारण मिटटी में घुलने में ज्यादा समय लेती है फलस्वरूप पौधों को अंकुरण के बाद अच्छा फायदा होता है . अगर किसी कारणवश जुताई के समय इसका उपयोग नहीं किया है तो फिर आप फूल से फल लगने के समय कर सकते है . क्योंकि फूल से फल लगने में लगभग 15 से 20 दिन का समय लगता है और इतने  दिनों में सिंगल सुपर फास्फेट मिटटी में अच्छे से घुल जाती है .

सिंगल सुपर फास्फेट की कीमत

Single super phosphate price – इसकी कीमत Rs 250 से 450/Bag 50 Kg के लगभग होती है 

DAP और SSP में अन्तर

  1. जहां SSP में नाईट्रोजन की मात्रा 0% है वही DAP में नाईट्रोजन की मात्रा 18% है | इसके अलवा DAP में फास्फोरस की मात्रा भी SSP से 30% ज्यादा है | अगर दोनों को किसी दुसरे खाद के बिना उपयोग करना हो तो DAP बेहतर है |
  2. SSP को यूरिया के साथ प्रयोग करें तो DAP से बेहतर है क्योंकि SSP में नाईट्रोजन की उपलब्धता यूरिया से हो जाती है और साथ ही SSP में पहले से सल्फर, कैल्शियम मौजूद है जो की DAP में नहीं है |
  3. एक बात ध्यान देने की है की DAP में 46% फास्फोरस रहता है तथा SSP में  फास्फोरस 16% है | यानि की DAP के तुलना में ssp में फास्फोरस 30% कम है  | इसलिए जब भी SSP का प्रयोग करें तो DAP के तुलना में 3 गुना ज्यादा होना चाहिए साथ ही यूरिया खाद का प्रयोग जरुर करें | अगर एसा करते है तो SSP खाद DAP खाद से बेहतर होगा |

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DAP तथा SSP खाद का इस्तेमाल और फायदे हिंदी में  यह ब्लॉग भारत के अधिकाश किसान कम पढ़े लिखे तथा अग्रेजी का कम ज्ञान होने के कारण जानकारी प्राप्त नही कर पाते उन्ही को ध्यान में रखकर लिखा गया है अगर आपका कोई प्रश्न हो तो क्रप्या मे कमेंट बॉक्स में लिखे हम आपकी मदद करने की पूरी कोशिश करेंगे…तथा इस पोस्ट को आप अन्य किसान भाइयो के साथ भी व्हाट्सप्प और फेसबुक पर शेयर अवश्य करे ताकी अधिक से अधिक किसान इसका फायदा उठा सके .

 

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